Search engine क्या होता हैं और कैसे काम करता हैं ?

search engine kya hota hai hindi
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दोस्तों,क्या आप जानते हैं कि  Search Engine क्या होता है (What is serach engine in hindi) है  और यह कैसे काम करता हैं ? हम में से शायद ही कोई होगा जो मोबाइल का प्रयोग न करता हो। मोबाईल बिना इंटरनेट के अधूरा सा लगता हैं और इंटरनेट बिना सर्च इंजन के अधूरा हैं।

हम में से शायद ही कोई ऐसा होगा, जिसने कभी सर्च इंजन का नाम न सुना हो। गूगल सर्च इंजन तो इतना प्रसिद्ध हैं कि आज आज के इस Digital world  में हमें अपने किसी प्रश्न का उत्तर चाहिए होता हैं, तो उसके हल  के लिए माता -पिता  या अपने गुरु के पास नहीं जाते, बल्कि उसका उत्तर Google पर खोजते हैं।

गूगल, याहू, बिंग कुछ प्रमुख सर्च इंजिन बहुत  प्रसिद्ध पर फिर भी हम में से बहुत कम लोग ऐसे  जो ये जानते हैं कि सर्च इंजन कैसे काम करता हैं और सर्च करने के दौरान किन -किन स्टेप्स को फॉलो करता हैं।

सच मायने में देखा जाये तो सर्च इंजन मोबाईल और कंप्यूटर की आत्मा है। यदि आप जानना चाहते है कि सर्च इंजन के कार्य प्रणाली क्या हैं तो आज की पोस्ट आप ही के लिए हैं। इस पोस्ट को पढ़ने के बाद सर्च इंजन के बारे कुछ ओर जानने की आवश्यता शायद ही पड़े।

सर्च इंजन क्या होता हैं | What is Search Engine in hindi

Search Engine एक प्रकार का कंप्यूटर प्रोग्राम हैं। जो कि वर्ल्ड वाइड वेब के असीमित डाटा से यूजर द्वारा सर्च की गई जानकारी को serp पेज पर सर्वाधिक उपयुक्त क्रम में लिस्ट के रूप में प्रस्तुत करता हैं।  जिस पर यूजर क्लिक कर अपनी वांछित सूचना को प्राप्त कर लेता हैं। 

मान लिया की आप सुभाष चंद्र  बोस की बायोग्राफी सर्च करके उसे पढ़ना चाहते हैं। तो आप किसी भी सर्च इंजन  (google, bing, yahoo, etc) के सर्च बॉक्स में Biography of subhas chandr bosh  लिखेंगे तो सर्च इंजन वर्ल्ड वाइड वेब पर इससे सम्बन्घित जो भी डाटा होगा उसे इंटरनेट की सहायता से खोज कर सर्च पेज (SERP) पर दिखा देगा। जहाँ यूजर क्लिक कर सुभास चंद्र बोस की बायोग्राफी को पढ़ सकेगा।

यहाँ ध्यान देने वाली बात यह हैं कि हम जिस भी टेक्स्ट को सर्च बॉक्स में टाइप करते हैं। उसे इंटरनेट की भाषा में कीवर्ड कहा जाता हैं।

सर्च इंजन कैसे काम करता हैं। How Search engine Works in Hindi

सभी Search Engine की कार्य प्रणाली लगभग एक ही प्रकार की होती हैं। सभी Search Engine निम्न Steps को अवश्य पालन करते हैं।

  1. Crawling
  2. Indexing
  3. Retrieval or ranking

Search Engine kya hota hai

1.Crawling:

क्रोलिंग का शाब्दिक अर्थ तो खोज करना, Search Engine अपने spider /Boats /crawler को world wide web  पर जो भी नया कंटेंट अपलोड होता हैं। उसे सर्च करने के लिए भेजते हैं। ये स्पाइडर उस वेबसाइट के सारे कंटेंट को कॉपी कर लेता हैं फिर चाहे वो किसी भी फॉर्मेट में क्यों न हों ।  Ex – text, vedio, picture

ये Spider एक पेज से दूसरे पेज पर एक Link  दूसरे Link  तक पहुंच कर डाटा को Read करते हैं। Search Engine के स्पाइडर द्वारा किया गया। यह process crawling कहलाता हैं।

2. Indexing:

Search Engine kya hota haiइस Step में सर्च इंजन Spider द्वारा crawl किये गए सारे डाटा को, उसे Topic या Keyword के आधार पर अपने डाटा base में store करता हैं।

यह Data Base ठीक उसी प्रकार कार्य करता हैं। जिस प्रकार एक Library में Topic और Author wise बुक्स रक्खी जाती हैं।

गूगल की एक रिपोर्ट के अनुसार गूगल के crawler प्रतिदिन तीन ट्रिलियन वेब पेजेज को crawl करते हैं। और इससे सम्बंधित डाटा को अपने डाटा स्टोर (सर्वर) पर रखते हैं।

3. Retrieval or ranking

इन वेब पेजों में से विजिटर सर्च के आधार पर सर्वश्रेष्ठ रिजल्ट को पहले पेज पर दिखाने का कार्य कोई आसान कार्य नहीं हैं।

उसके बाद Search Engine एक लिस्ट तैयार करता हैं। फिर विजिटर सर्च के आधार पर जो भी Best answer होता हैं। उसे अपने सर्च पेज (SERP) में प्रथम पेज में शो करता हैं।

यह Search Engine द्वारा किये जाने वाला तीसरा Step में। इस Step में सर्च इंजन एक ही विषय से सम्बंधित जो डाटा हैं। उसे अपने Algorithm के माध्यम से परखता हैं। जिसके लिए Google ने लगभग 200 पैरामीटर निर्धारित किये हुए हैं। जिनकों की Google समय -समय पर Change और Update करता रहता हैं।

सर्च इंजन के पहले पेज पर रैंक करने के लिए seo expert अपने कंटेंट का onpage व offpage seo करने के साथ -साथ बहुत सारी ट्रिक्स का इस्तेमाल करते हैं। फिर भी ये तो गूगल को ही पता हैं कि उसे किस पेज को रैंक करना किसको नहीं। गूगल के अल्गोरीधम को समझाना कोई आसान कार्य नहीं हैं।

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सर्च इंजन का इतिहास |History of Search engine hindi

90 के दशक तक कोई Search Engine नहीं था। उस समय Search Engine के नाम पर सिर्फ़ FTP (File Transfer Protocol) का एक Collection था।

उस समय इंटरनेट के जरिए जितने भी Network और Servers एक-दूसरे से जुड़े रहते थे। उन्ही के बीच Data को शेयर या सर्च किया जाता था।

क्योकिं  उस समय www (World Wide Web) इंटरनेट से जुड़ने का एक अकेला जरिया था, और Web files या फ़िर Web servers को ढूंढ़ना इतना आसान नहीं था। इनको सही ढंग से Locate करने के लिए ही Search Engine का अविष्कार किया गया।

सबसे पहले सर्च इंजिन  बनाने का प्रयास McGill University, Montreal के छात्र Alan Emtage ने शुरू किया था। जो कि स्कूल का एक प्रोजेक्ट था।

उसके बाद सर्च इंजन की खोज का सिलसिला चल पड़ा। सर्च इंजिन की खोज निम्नानुसार हुई –

  • Infoseek, Galaxy, ALIWEB, Webcrawler, Lycos और Yahoo जैसे Search Engine का अविष्कार वर्ष में 1994 में किया गया।
  •  Excite और AltaVista का अविष्कार वर्ष में 1995  में किया गया।
  • Inktomi और BackRub का अविष्कार वर्ष में 1996 में किया गया।
  • तथा वर्ष 1998 में GoogleMSN Search और Overture का अविष्कार किया गया।

दुनिया के कुछ Popular Search Engines जैसे की ‘Archie‘ के बाद से अब तक कई Search Engines लांच हो चुके हैं।

प्रमुख सर्च इंजनों की सूची | List of Top 10 Search engine:

  1. Google 95.25%
  2. Bing 3.08%
  3. Yahoo 2.13%
  4. Baidu 1.48%
  5. Yandex.ru 1.48%
  6. DuckDuckGo 1.48%
  7. Ask.com
  8. AOL.com
  9. WolframAlpha
  10. Internet Archive

कुछ भारतीय सर्च इंजिन:

भारत में भी सर्च इंजन बनाने का प्रयास किया गया लेकिन उनमे से कोई खास सफल नहीं रहा –

  • गुरूजी (guruji.com)- …
  • खोज सर्च इंजन (123 khoj)- …
  • बिलसर (bilsir)- …
  • रेडिफ़ (Rediff)- …
  • जस्ट डायल (Justdial)- …
  • 13टैब्स (13Tabs)-

आज हमने सीखा :

आज हमने सीखा कि सर्च इंजन क्या होता हैं और सर्च इंजन सर्च करते समय किन -किन प्रक्रियाओं का पालन करता हैं। सर्च इंजन की उपयोगिता तथा विश्व व भारत में सर्च इंजनों के विकास के क्रम को समझा।

मुझे विश्वास है की अब आपको सर्च इंजन के बारे जानकारी प्राप्त कर अच्छा लगा होगा। पोस्ट कैसे लगी कृपया कमेंट कर बताऐं।

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